15 वें वित्त आयोग की राशि जारी नहीं होने पर ग्राम पंचायत मोतीपुर के सभी विकास कार्यों ढप्प – समीर कैवर्त्य

चंदन जायसवाल कसडोल
कसडोल,,जनपद पंचायत कसडोल के सैकड़ों ग्राम पंचायतों को पिछले 10 महीनों से 15वें वित्त आयोग की राशि नहीं मिली है। इस वित्तीय अभाव के कारण ग्रामीण स्तर के सभी विकास कार्य बंद हैं,
साफ सफाई, रोशनी, पानी, शौचालय और बाउंड्री वॉल जैसी मूलभूत सुविधाएं आज भी बंद की स्थिति में नजर आ रही हैं, अभी हाल ही में नरेंद्र मोदी जी के कार्यक्रम रायपुर में आयोजित हुई जिसमें पंचायत के सरपंच अपने जेब से खर्चा कर के 5 तूफान ग्रामीण को लेकर रायपुर में आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए,फिर 10दिसंबर को शाहिद वीर नारायण सिंह के शहादत दिवस में फिर पंचायत द्वारा 5 गाड़ी ले जाने का आदेश दिए थे,जब की सरकार द्वारा अभी तक 15 वे वित्त की राशि अभी तक जारी नहीं हुआ हैं।
लाखों की विकास कार्यों की काम अटके – उपसरपंच समीर कैवर्त्य
बलौदाबाजार जिले के पांचों ब्लॉक – पलारी,बलौदाबाजार, भाटापारा,सिमगा और कसडोल ,की ग्राम पंचायतें इन निर्देशों पर अमल करने के लिए वित्तीय संसाधनों से पूरी तरह खाली हैं। आबादी के आधार पर दो किस्तों में जारी होने वाली 15वें वित्त आयोग की राशि अब तक जारी नहीं हुई है।
इस वित्तीय गतिरोध के कारण जिले में अनुमानित 50 करोड़ रुपए के विकास कार्य अटके पड़े हैं। इसका सीधा असर ग्रामीण जीवन पर पड़ रहा है, जहां गांव की सफाई व्यवस्था, सामुदायिक कार्यक्रम, शासन के विभिन्न कार्यक्रमों में ग्रामीणों को ले जाने और निर्माण व मरम्मत के सभी कार्य रुक गए हैं।
तत्काल वित्तीय राशि जारी करने की मांग –
इसके अलावा पंचायतों में कार्यरत कंप्यूटर ऑपरेटर और पियून जैसे कर्मचारियों को भी समय पर वेतन नहीं मिल पा रहा है, जिससे उनकी आजीविका पर संकट गहरा गया है,सरपंचों ने शासन से मांग की है कि तत्काल वित्तीय राशि जारी की जाए ताकि अदालत के निर्देशों का पालन और ग्रामीण विकास का काम सुनिश्चित हो सके।









